जैविक खेती आज की जरूरत, किसानों तक व्यापक प्रचार जरूरी: मंजू राजपाल

भीलवाड़ा समाचार 
भीलवाड़ा (महेन्द्र नागौरी)भीलवाड़ा में गो आधारित जैविक एवं प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए 18 से 24 फरवरी तक सात दिवसीय ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह आयोजन सरोज देवी फाउंडेशन, श्रीरामशान्ताय जैविक कृषि अनुसंधान एवं प्रशिक्षण केंद्र कोटा, अपना संस्थान एवं Foundation for Ecological Security के संयुक्त तत्वावधान में हुआ।
समापन सत्र में राजस्थान सरकार की प्रिंसिपल सेक्रेटरी (कृषि एवं उद्यानिकी) मंजू राजपाल ने जैविक खेती को समय की आवश्यकता बताते हुए किसानों से इसे अपनाने और अन्य किसानों को जोड़ने का आह्वान किया।
वैज्ञानिक जानकारी के साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण
मुख्य वैज्ञानिक पवन टांक ने किसानों को गोबर-गोमूत्र आधारित खाद निर्माण, पीजीएस प्रमाणीकरण, मिट्टी-पानी जांच, अवशेष प्रबंधन, कीट नियंत्रण और हरी खाद जैसी तकनीकों की विस्तृत जानकारी दी। प्रशिक्षण में 325 किसानों ने भाग लेकर जैविक खेती अपनाने का संकल्प दोहराया।
आयोजकों ने बताया कि ऐसे प्रशिक्षण आगे भी निरंतर आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक किसान प्राकृतिक खेती से जुड़ सकें।